जिंदगी प्यार है

जिंदगी क्या है?
जिंदगी प्यार है,
दर्द है, विश्वास है,
जिंदगी इजहार है,
मर्ज है, एहसास है।

कुछ अंजाना सा
अल्फाज है, ज़िन्दगी!
जिंदगी रब है,
गर रब है, तो सब है,
बाकी सब एक
ख्वाब है, जिंदगी!

एक अनजाने एहसास
से बंधी है यह दुनियां।
जो हमारे हमराज हैं,
हमसफर हैं, हमनवाब हैं।

जिंदगी के दर्द ही सुकून है,
बस उन्हें अपनाने का
जुनून होना चाहिए।
प्यार एक खुशी है,
जो हमारे लिए ही बनी है,
उन्हें गले लगाने का
फितूर होना चाहिए।

जिंदगी है तो प्यार है
और प्यार है तो जिंदगी है
इसे समझने का सुरूर होना चाहिए।

रब की इच्छा है प्यार
हमारी परीक्षा है प्यार
इस पर हमें गुरूर होना चाहिए।

जिंदगी के कण-कण में बसा है प्यार
इसकी मर्यादा को बनाए रखना
यही सच्चे प्रेमियों का ज़मीर होना चाहिए।

होते हैं आशिक़
अनेक इस जहां में
जो सच्चे प्यार को समझें
ऐसे होते हैं शायद
बस एक इस जहां में।

प्यार से विपत्ति है, आपत्ति है
परेशानी है, नाकामी है
दुख है, तकरार है
पर जो न समझे हैं कि
ये बस प्यार के एक प्रकार है
शायद उन्होंने जिंदगी में
न किया कभी सच्चा प्यार हैं।


                  🗒️🖋️🖋️🖋️  शिवमणि"सफ़र"(विकास)

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